गाजियाबाद।
वायु ,जल प्रदूषण व पर्यावरण की खराब आबोहवा को सुधारने के लिए पौधारोपण अभियान को गति देने के मकसद से जिलाधिकारी अजयशंकर पांडे ने हरियाली तीज पर महिलाओं से अपने घर या इलाके में दो-दो पौधे लगाने की अपील की है। साथ ही भारत छोड़ो आंदोलन की वर्षगांठ पर 9 अगस्त को ग्राम पंचायत, नगर निकाय स्तर पर माइक्रोप्लान के तहत चुनावी पैटर्न पर जनसहभागिता के तहत पौधारोपण कार्यक्रम को सफल बनाने की रणनीति तैयार की है। इस दिन पांचसे दस हजार पौधे रोपने के लिए तहसील अधिकारियों से स्थलीय रिपोर्ट मांगी जिलाधिकारी अजय शंकर पांडे की इस अनूठी पहल के क्रम में तीन अगस्त को मनाये जाने वाले हरियाली तीज उत्सव के मौके पर उनकी अपेक्षा है कि हर महिला चंद मिनट हरियाली को समर्पित करें तथा नौ अगस्त तक अपने घर या उसके आसपास के इलाके में दो पेड़ लगाएं। उन्होंने कहा कि हरियाली तीज ऐसा धार्मिक एवं सांस्कृतिक पर्व है जिसमें पर्यावरण की धरोहर छुपी हुई है। यह हरियाली फैलाने का संदेश भी देता है। हरियाली तीज पर्व की इस पहल के साथ ही चुनावी पैटर्न पर वृहद स्तर पर भारत छोड़ो आंदोलन की 77 वीं वर्षगांठ पर पौधाशालाओं से निशुल्क पौधों की आपूर्ति कर वृक्षारोपण को संचालित करने की योजना तैयार कर ली है।
चुनावी पैटर्न के तहत वृक्षारोपण कार्य के लिये जिले की ग्रामपंचायत,नगर पंचायत,नगरनिगम, नगर पालिका, जीडीए, रेलवे, रक्षा, औद्योगिक इकाइयों, सहकारी समितियों सहित अन्य विभागों के साथ सामजस्य बनाकर बड़े स्तर पर इस अभियान को गति दी जायेगी। पौध को मतपत्र के रूप में, ग्राम पंचायत को पोलिंग बूथ के रूप में तथा ग्राम प्रधान, पंचायत सचिव एवं वीडीओ की देखरेख में इस अभियान लिए जिलाधिकारी द्वारा नामित अधिकारी को पीठासीन अधिकारी के रूप में रखा जाना है। अभियान को सेक्टर व जोन में विभाजित कर तहसील, ब्लाक व नगर निकाय, जिला पंचायत के अधिकारी वृक्षारोपण का कार्य चुनावर मोड़ के तहत कराएंगे। गांव तलहैटा में वन विभाग की भूमि के साथ ही गौवंशस्थल के लिये पशुपालन विभाग ओर से उसे संजोया गया गौवंशस्थल की दीवारों पर कृष्ण- प्रेम,प्रकृति की एक से बढ़कर एक झलकियां दर्शाई गयी हैं।स्वच्छता का युद्धस्तर का अभियान भी जारी है। पशुचिकित्साधिकारी डा. बिजेंद्र त्यागी ने भी इसी स्थान पर वृहद स्तर पर पौधारोपण के प्रस्ताव का मसौदा तैयार कर जिला प्रशासन को भेजा है। जिस प्रकार चुनाव के लिये मतपेटिया व चुनाव अधिकारी कर्मचारी मतदेय स्थल पर जातें है ,उसी तर्ज पर पौधारोपण के लियें गड्ढा खदान, रोपण स्थल की जियो टैगिंग, पौधशाला से ग्राम पंचायत में पौध पहुंचाने, पौध वितरण व रोपित का कार्यक्रम चलेगा।